जिला पंचायत की बैठक में गूंजी स्वास्थ्य कर्मचारियों की समस्याएं, जितेन्द्र मंडोरा ने उठाया वेतन और ई-अटेंडेंस का मुद्दा
350 कर्मचारियों के वेतन भुगतान, सीएमएचओ कार्यालय की अनियमितताओं और महिला कर्मचारियों की परेशानी पर अध्यक्ष को सौंपा गया ज्ञापन

उज्जैन। जिला पंचायत उज्जैन की साधारण सभा की बैठक में स्वास्थ्य कर्मचारियों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए विधायक एवं जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि जितेन्द्र मंडोरा ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल निर्देशित करने का प्रस्ताव रखा। न्यू बहुउद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के सदस्यों ने जिला पंचायत अध्यक्ष कमलाकुंवर अंतरसिंह देवड़ा को अपनी मांगों को लेकर एक ज्ञापन सौंपा। जिला पंचायत अध्यक्ष और जितेन्द्र मंडोरा ने बैठक में स्वास्थ्य कर्मचारियों द्वारा प्रस्तुत ज्ञापन में उल्लेखित बिंदुओं को निराकरण के लिए रखा।
350 कर्मचारियों का वेतन और एरियर अटका
बैठक में जितेन्द्र मंडोरा ने कर्मचारियों की समस्याओं का मुद्दा उठाते हुए बताया कि स्वास्थ्य विभाग के 350 से अधिक कर्मचारियों को फरवरी माह का वेतन नहीं मिला है। साथ ही कर्मचारियों के एचआरए, हड़ताल अवधि का वेतन और समयमान वेतनमान के लंबित एरियर की राशि का भुगतान भी नहीं किया जा रहा है। उन्होंने लंबित भुगतान तत्काल करवाए जाने के निर्देश देने की मांग की।
सीएमएचओ कार्यालय में नियम विरुद्ध कार्य और लापरवाही
मुख्य चिकित्सा अधिकारी उज्जैन कार्यालय की स्थापना शाखा में व्याप्त अनियमितताओं का मुद्दा भी उठाया गया। बताया गया कि मूल रूप से मलेरिया विभाग का तकनीकी कर्मचारी प्रभाकर त्रिपाठी स्थापना शाखा में नियम विरुद्ध कार्य कर रहा है। मूल संस्था में भेजने के आदेश के बावजूद वह स्थापना शाखा में बैठकर जानबूझकर लापरवाही और अनियमितताएं कर रहा है। महत्वपूर्ण आदेशों में कर्मचारियों के नाम गलत दर्ज कर बाद में संशोधन आदेश के नाम पर उन्हें परेशान किया जा रहा है। इस कार्यप्रणाली से विभाग के समस्त कर्मचारियों में भारी आक्रोश पनप रहा है।
ई-अटेंडेंस से मिले मुक्ति, 55 पार की एएनएम पर न बने दबाव
जितेन्द्र मंडोरा ने कहा कि महिला कर्मचारियों पर पारिवारिक दायित्वों के साथ शासकीय जिम्मेदारियों के निर्वहन का भी दबाव रहता है, जिसके चलते जल्दबाजी में मोबाइल घर भूल जाने से ई-अटेंडेंस दर्ज करना मुश्किल हो जाता है। ग्रामीण क्षेत्र में कार्यरत सभी कर्मचारियों को कर्मचारी हित में ई-अटेंडेंस से मुक्त रखना अतिआवश्यक है। इसके अतिरिक्त शासन के निर्देश हैं कि 55 वर्ष से अधिक उम्र की एएनएम से ऑनलाइन एंट्री नहीं करवाई जाए। ऑनलाइन एंट्री ऑपरेटर के माध्यम से करवाने के निर्देश होने के बावजूद एएनएम पर दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने शासन के निर्देशों के पालन में संबंधित बीएमओ को ऑनलाइन एंट्री ऑपरेटर के माध्यम से करवाने के लिए निर्देशित करने की मांग रखी।
संघ ने जताया आभार
न्यू बहुउद्देश्यीय स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष सत्यप्रकाश अहिरवार ने बताया कि यह पहली बार है जब किसी जनप्रतिनिधि ने जिला पंचायत की बैठक में स्वास्थ्य कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए पुरजोर तरीके से उनके तत्काल निराकरण के लिए अपनी बात रखी है। अहिरवार ने समस्त कर्मचारियों की ओर से जिला पंचायत अध्यक्ष और जितेन्द्र मंडोरा का हृदय से आभार व्यक्त किया। ज्ञापन सौंपते समय संघ के जिला संयोजक अजय परमार, संभागीय उपाध्यक्ष लक्ष्मीनारायण गहलोत, प्रदेश महामंत्री राजेंद्र अहिरवार और संभागीय अध्यक्ष रफीक मंसूरी आदि उपस्थित थे।



