दुग्ध उत्पादन के साथ सप्लाई से बढ़ेगा रोजगार और आय
दुग्ध सहकारी संस्थाओं के दो दिवसीय 'कौशल उन्नयन एवं नेतृत्व विकास प्रशिक्षण' का समापन

उज्जैन। मध्य प्रदेश राज्य सहकारी संघ (भोपाल) और जिला सहकारी संघ (उज्जैन) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय ‘कौशल उन्नयन एवं नेतृत्व विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम’ का शुक्रवार को समापन हो गया। यह प्रशिक्षण उज्जैन तहसील की दुग्ध सहकारी संस्थाओं के अध्यक्षों, संचालकों, समिति प्रबंधकों, सचिवों और कंप्यूटर ऑपरेटरों के लिए 26 और 27 फरवरी को आयोजित किया गया था।
कार्यक्रम में स्वागत भाषण देते हुए जिला सहकारी संघ के प्रभारी प्रबंधक सुमेर सिंह सोलंकी ने सहकारिता का महत्व बताया। उन्होंने कहा कि आज विश्व में कई जीवन उपयोगी वस्तुओं, विशेषकर दुग्ध उत्पादन में संगठित सहकारिता के कारण ही हम प्रथम स्थान पर हैं। सोलंकी ने अधिक दुग्ध उत्पादन करने वाली समितियों से अपील की कि वे अब सप्लाई के क्षेत्र में भी कदम बढ़ाएं। इससे संस्थाओं का मुनाफा बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने अन्य राज्यों का उदाहरण देते हुए बताया कि दुग्ध संघों द्वारा मार्केटिंग संघ बनाकर सप्लाई का जिम्मा सौंपने से उनकी आय में भारी बढ़ोतरी हुई है।
पशुओं की देखभाल परिवार के सदस्य की तरह करें
दुग्ध सहकारी संघ उज्जैन के पर्यवेक्षक चंद्रनारायण शर्मा ने दुग्ध उत्पादक सदस्यों से आग्रह किया कि वे अपने पशुओं की देखभाल परिवार के सदस्य की तरह करें। इससे निश्चित तौर पर दुग्ध उत्पादन और आय दोनों में वृद्धि होगी। उन्होंने सदस्यों को दुग्ध सहकारी संस्थाओं से जुड़कर ही दूध देने की सलाह दी, ताकि वे मध्य प्रदेश शासन और सहकारिता विभाग द्वारा दी जा रही सब्सिडी का लाभ उठा सकें।
नई तकनीक और नवाचार पर जोर
दुग्ध संघ के सुपरवाइजर मनोज शर्मा ने प्रशिक्षणार्थियों से जिला संघ द्वारा चलाई जा रही शिक्षण-प्रशिक्षण कार्यशालाओं में अधिक से अधिक भाग लेने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि नई तकनीक और नवाचारों को सीखकर अपने कार्यक्षेत्र में लागू करने से आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। वहीं, पशु चिकित्सक डॉ. रिंकेश कुमार वर्मा ने पशु प्रबंधन, टीकाकरण, उन्नत नस्ल, नस्ल सुधार और पशु रखरखाव से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर जिला सहकारी संघ द्वारा सभी प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण-पत्र और बैग वितरित किए गए। अंत में प्रभारी प्रबंधक सुमेर सिंह सोलंकी ने उपस्थित सभी अतिथियों और प्रशिक्षणार्थियों का आभार व्यक्त किया।



