
उज्जैन। रंगों के त्यौहार होली के अवसर पर, श्री चिड़ार समाज द्वारा इस वर्ष 4 मार्च को अत्यंत भावनात्मक ’गुलाल गैर’ निकाली गई, जो सामाजिक संवेदना और सांत्वना का प्रतीक बन गई। इस अनूठे आयोजन में समाज के सभी लोग एक साथ एकत्रित हुए और उन परिवारों के घर पहुंचे जो किसी अपने के बिछड़ने के कारण शोक (गमी) में थे। समाजजनों ने इन परिवारों पर रंग और गुलाल डालकर यह संदेश दिया कि दुख की घड़ी में पूरा समाज उनके साथ खड़ा है।

संयोजक मुलचंद सोनी ने बताया कि समाज संरक्षक पुरषोत्तम मगरे और पूर्व अध्यक्ष भगवानदास ब्रामनिया के नेतृत्व में सभी समाजजन मोहन नगर स्थित अम्बे माता मंदिर पर बुधवार सुबह 8ः45 बजे एकत्रित हुए। अम्बे माता मंदिर से यह भावनात्मक गैर नाका नंबर 5 पहुंची। इसके बाद ढांचा भवन, सरस्वती नगर, गणेश पूरा, कंचनपुरा, अंजुश्री सहित विभिन्न मार्गों से होते हुए समाजजन सेठी नगर पहुँचे, जहाँ गुलाल गैर का समापन हुआ।
इस दौरान समाज के वरिष्ठ हरिश्चंद्र आठिया, शिवदयाल बेलिया, प्रेमनारायण बरहा, मोहन चंदेल, दीपक धंधेरे, सचिन मगरे, कमलेश धंधेरे, संदीप हनुमंतैया, रमेश सिंह, हरीश आठिया, नारायण आठिया, राकेश पटवा, धर्मवीर आठिया, शंकर गेहलोत, महेश आठिया, संजय हनुमंत सहित बड़ी संख्या में समाजजनों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराकर इस सामाजिक पहल को मजबूती दी।



